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Wednesday, 30 November 2016

तराशा है उनको.........

तराशा है उनको बड़ी फुर्सत से,
जुल्फे जो उनकी बादल की याद दिला दे,
नज़र भर देख ले जो वोह किसी को,
नेकदिल इंसान की भी नियत बिगड़ जाए.



अंदाज-ऐ-प्यार..............

अंदाज-ऐ-प्यार तुम्हारी एक अदा है..
दूर हो हमसे तुम्हारी खता है..
दिल में बसी है एक प्यारी सी तस्वीर तुम्हारी..
जिस के नीचे ‘आई मिस यू’ लिखा 


Tuesday, 29 November 2016

आप खुद नहीं जानती.............

आप खुद नहीं जानती आप कितनी प्यारी हो,
जान हो हमारी पर जान से प्यारी हो,
दूरियों क होने से कोई फर्क नही पड़ता
आप कल भी हमारी थी और आज बी हमारी हो..



Sunday, 27 November 2016

तेरी धड़कन ही...............

तेरी धड़कन ही ज़िंदगी का किस्सा है मेरा,
तू ज़िंदगी का एक अहम् हिस्सा है मेरा..
मेरी मोहब्बत तुझसे, सिर्फ़ लफ्जों की नहीं है,
तेरी रूह से रूह तक का रिश्ता है मेरा..



Saturday, 26 November 2016

उदास नहीं होना,...........

उदास नहीं होना, क्योंकि मैं साथ हूँ,
सामने न सही पर आस-पास हूँ,
पल्को को बंद कर जब भी दिल में देखोगे,
मैं हर पल तुम्हारे साथ हूँ!



Friday, 25 November 2016

कशिश तोह बहुत है...............

कशिश तोह बहुत है मेरे प्यार मैं,
लेकिन कोई है पत्थर दिल जो पिघलाता नहीं,
अगर मिले खुद तो माँगूंगी उसको,
सुना है ख़ुदा मरने से पहले मिलते नहीं.


Wednesday, 23 November 2016

गुजारिश हमारी वह .........

गुजारिश हमारी वह मान न सके,
मज़बूरी हमारी वह जान न सके,
कहते हैं मरने के बाद भी याद रखेंगे,
जीते जी जो हमें पहचान न सके.


Tuesday, 22 November 2016

दोस्ती का शुक्रिया...........

दोस्ती का शुक्रिया कुछ इस तरह अदा करू,
आप भूल भी जाओ तो मे हर पल याद करू,
खुदा ने बस इतना सिखाया हे मुझे
कि खुद से पहले आपके लिए दुआ करू..



Friday, 18 November 2016

दिन हुआ है तो..............

दिन हुआ है तो रात भी होगी,
हो मत उदास, कभी बात भी होगी,
इतने प्यार से दोस्ती की है,
जिन्दगी रही तो मुलाकात भी होगी



Thursday, 17 November 2016

ज़िन्दगी लहर थी..............

ज़िन्दगी लहर थी आप साहिल हुए,
न जाने कैसे हम आपकी दोस्ती के काबिल हुए,
न भूलेंगे हम उस हसीं पल को,
जब आप हमारी छोटी सी ज़िन्दगी में शामिल हुए.



Wednesday, 16 November 2016

फूल बनकर मुस्कुराना .................

फूल बनकर मुस्कुराना जिन्दगी है,
मुस्कुरा के गम भूलाना जिन्दगी है,
मिलकर लोग खुश होते है तो क्या हुआ,
बिना मिले दोस्ती निभाना भी जिन्दगी है!



Tuesday, 15 November 2016

न जाने सालों........

न जाने सालों बाद कैसा समां होगा,
हम सब दोस्तों में से कौन कहा होगा,
फिर अगर मिलना होगा तो मिलेंगे ख्वाबों मे,
जैसे सूखे गुलाब मिलते है किताबों मे.



सुकून अपने दिलका...............

सुकून अपने दिलका मैंने खो दिया,
खुद को तन्हाई के समंदर मे डुबो दिया,
जो थी मेरे कभी मुस्कराने की वजह,
आज उसकी कमी ने मेरी पलकों को भिगो दिया.



Saturday, 12 November 2016

सुकून अपने दिलका............

सुकून अपने दिलका मैंने खो दिया,
खुद को तन्हाई के समंदर मे डुबो दिया,
जो थी मेरे कभी मुस्कराने की वजह,
आज उसकी कमी ने मेरी पलकों को भिगो दिया.



Friday, 11 November 2016

दोस्ती वो नहीं.............

दोस्ती वो नहीं जो जान देती है,

दोस्ती वो भी नहीं जो मुस्कान देती है,
अरे सच्ची दोस्ती तो वो है..
जो पानी में गिरा हुआ आंसू भी पहचान लेती है|



Thursday, 10 November 2016

हम भटकते रहे थे..................

हम भटकते रहे थे अनजान राहों में, 
रात दिन काट रहे थे यूँ ही बस आहों में, 
अब तमन्ना हुई है फिर से जीने की हमें, 
कुछ तो बात है सनम तेरी इन निगाहों में।


Wednesday, 9 November 2016

पता नहीं लबों से लब .................


पता नहीं लबों से लब कैसे लगा लेते हैं लोग

तुमसे नजरें भी मिल जाये तो होश नहीं रहता ।



Tuesday, 8 November 2016

नहीं बसती किसी...............

नहीं बसती किसी और की सूरत अब इन आँखो में । 
काश कि हमने तुझे इतने गौर से ना देखा होता ।



तुम्हारी प्यार भरी...................

तुम्हारी प्यार भरी निगाहों को हमें कुछ सा गुमान होता है 
देखो ना मुझे इस कदर मदहोश नज़रों से कि दिल बेईमान होता है।



Monday, 7 November 2016

अदा आई...............

अदा आई, जफा आई,
गरूर आया, इताब आया,
हजारों आफतें लेकर...
हसीनों का शबाब आया।


Saturday, 5 November 2016

Hi ..........

Hi freinds kaisi lag rahi hu............



लोग कहते हैं .................

लोग कहते हैं जिन्हें नील कंवल वो तो क़तील, 
शब को इन झील सी आँखों में खिला करते है।



Friday, 4 November 2016

उनकी बातों का.............

उनकी बातों का दौर 
उनकी आवाज का दीवाना 
वो दिन भी क्या दिन थे 
जब वो पास थे मेरे 
और अजनबी था जमाना।


Thursday, 3 November 2016

खुद को जला दे...................

खुद को जला दे तभी रोशनी मिलेगी तुझे 
वरना क्या पता इन अन्धेरो में रक्खा क्या है़? 
तू हंसे तो दुनिया हंसे, 
वरना अकेले मुस्कुराने में रक्खा क्या है? 
बनना है तो सूरज बन कोई और 
सितारा बनने में रक्खा क्या है...।